मधुबनी | 01 मई 2026
अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस (मई दिवस) के अवसर पर श्रम अधीक्षक कार्यालय, मधुबनी द्वारा शुक्रवार को एक भव्य एवं प्रभावशाली कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसके बाद श्रमिकों के अधिकार, कल्याणकारी योजनाएं और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई।
श्रमिकों को दी गई योजनाओं और अधिकारों की जानकारी
कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों ने श्रमिकों को विभिन्न सरकारी योजनाओं, श्रम अधिनियमों एवं उनके अधिकारों के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। विशेष रूप से बिहार शताब्दी असंगठित कार्यक्षेत्र कामगार एवं शिल्पकार सामाजिक सुरक्षा योजना (संशोधित) के अंतर्गत मिलने वाले लाभों को विस्तार से समझाया गया।
इसके साथ ही बिहार भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित योजनाओं—जैसे पंजीकरण, वित्तीय सहायता, चिकित्सा सुविधा एवं अन्य लाभों के बारे में भी जानकारी साझा की गई।
श्रम कानूनों पर विशेष जागरूकता
कार्यक्रम के दौरान श्रमिकों को चार नए श्रम संहिताओं (Labour Codes) के बारे में बताया गया। साथ ही निम्नलिखित महत्वपूर्ण कानूनों पर भी प्रकाश डाला गया
न्यूनतम मजदूरी अधिनियम, 1948
वेतन भुगतान एवं बकाया मजदूरी से संबंधित प्रावधान
बाल श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986
अधिकारियों ने श्रमिकों को अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने और सरकारी योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
संवाद सत्र में सुनी गई श्रमिकों की समस्याएं
कार्यक्रम के दौरान एक संवाद सत्र का आयोजन भी किया गया, जिसमें श्रमिकों की समस्याओं, सुझावों एवं अपेक्षाओं को गंभीरता से सुना गया। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया कि श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा करना और उन्हें योजनाओं का लाभ दिलाना उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी है।
विभिन्न प्रखंडों से बड़ी संख्या में पहुंचे प्रतिभागी
इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्रखंडों से आए श्रम प्रवर्तन पदाधिकारी, कार्यालय कर्मी, श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में श्रमिकों ने भाग लिया, जिससे कार्यक्रम अत्यंत सफल एवं सार्थक सिद्ध हुआ।
धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम का समापन
कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया, जिसमें सभी प्रतिभागियों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
