मधुबनी | 12 जून 2026
मधुबनी जिले के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। अब सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी, क्योंकि जिला प्रशासन 16 जून को जिले के विभिन्न क्षेत्रों में “जन सहयोग शिविर” का आयोजन करने जा रहा है। इस विशेष अभियान के तहत जिले के 21 प्रखंडों की 26 पंचायतों और 7 नगर निकायों के 15 वार्डों में एक साथ शिविर लगाए जाएंगे, जहां आम नागरिकों की समस्याओं का ऑन-द-स्पॉट समाधान किया जाएगा और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
जिलाधिकारी आनंद शर्मा के निर्देश पर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। वहीं पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार के साथ संयुक्त रूप से जारी आदेश में अधिकारियों और कर्मियों को शिविर के सफल संचालन की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
एक ही स्थान पर मिलेंगी दर्जनों सरकारी सेवाएं
जन सहयोग शिविर का उद्देश्य सरकारी सेवाओं को सीधे जनता तक पहुंचाना है। शिविर में राजस्व, सामाजिक सुरक्षा, स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि, पशुपालन, श्रम संसाधन, आपूर्ति, ग्रामीण विकास, पंचायत राज, बिजली, पेयजल एवं स्वच्छता सहित कई विभागों के स्टॉल लगाए जाएंगे।
यहां पहुंचने वाले लोगों को अपनी शिकायत दर्ज कराने, आवेदन जमा करने और योजनाओं की जानकारी लेने के लिए अलग-अलग कार्यालयों में भटकना नहीं पड़ेगा। विभागीय अधिकारी मौके पर मौजूद रहकर समस्याओं का समाधान करेंगे।
राशन कार्ड से लेकर आवास योजना तक के मामलों पर होगी कार्रवाई
शिविर में विशेष रूप से राशन कार्ड, आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, किसान सम्मान निधि, छात्रवृत्ति, श्रमिक पंजीकरण और विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं से जुड़े मामलों का निपटारा किया जाएगा।
पात्र लाभुकों के दस्तावेजों की जांच कर आवेदन स्वीकार किए जाएंगे और उन्हें योजनाओं से जोड़ने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। प्रशासन का लक्ष्य है कि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी लाभ से वंचित न रहे।
शहरों में भी पहुंचेगा प्रशासन
ग्रामीण क्षेत्रों के साथ-साथ शहरी इलाकों को भी इस अभियान में शामिल किया गया है। नगर निगम मधुबनी, नगर परिषद झंझारपुर और नगर पंचायत बेनीपट्टी, जयनगर, फुलपरास तथा घोघरडीहा के चयनित वार्डों में भी शिविर लगाए जाएंगे।
इन शिविरों के माध्यम से शहरी क्षेत्र के नागरिक भी अपनी शिकायतें और समस्याएं सीधे प्रशासन के सामने रख सकेंगे।
जिलाधिकारी और एसपी खुद करेंगे निगरानी
जन सहयोग शिविर को प्रभावी बनाने के लिए जिलाधिकारी आनंद शर्मा और पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार स्वयं विभिन्न शिविरों का निरीक्षण करेंगे। इसके अलावा जिले के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को भी अलग-अलग शिविरों में तैनात किया गया है ताकि शिकायतों के निष्पादन में किसी प्रकार की लापरवाही न हो।
पंचायत प्रतिनिधियों और जीविका दीदियों की भी होगी भूमिका
अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए पंचायत प्रतिनिधियों, जनप्रतिनिधियों, आंगनबाड़ी सेविकाओं, जीविका दीदियों और स्थानीय संस्थाओं की मदद से व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। गांव-गांव और वार्ड-वार्ड लोगों को शिविर की जानकारी दी जा रही है ताकि जरूरतमंद लोग इसका लाभ उठा सकें।
इन पंचायतों में लगेगा जन सहयोग शिविर
खुटौना (कारमेघ उत्तर, खुटौना, सुक्की), कलुआही (मलमल उत्तर), बेनीपट्टी (साहपुर, पाली), राजनगर (पटवारा उत्तर, करहिया पूर्वी), पंडौल (श्रीपुर हाटी मध्य, पंडौल पश्चिमी), बिस्फी (चहुंटा, बिस्फी), लखनौर (गंगापुर), घोघरडीहा (सांगी), बासोपट्टी (सेलिबेली), जयनगर (देवधा मध्य), झंझारपुर (कोठिया), फुलपरास (सैनी), बाबूबरही (तिरहुता), मधवापुर (बासुकी बिहारी उत्तरी), लौकही (लौकही), मधेपुर (बाथ), रहिका (सौराठ), लदनियां (कुमरखत पश्चिमी), हरलाखी (नहरनियां) और अंधराठाढ़ी (गंगद्वार) पंचायत शामिल हैं।
जनता से प्रशासन की अपील
जिला प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे 16 जून को अपने नजदीकी जन सहयोग शिविर में पहुंचकर अपनी समस्याओं का समाधान कराएं और सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें।
प्रशासन का मानना है कि यह अभियान न सिर्फ सरकारी सेवाओं को लोगों तक पहुंचाने में मददगार साबित होगा, बल्कि जनता और प्रशासन के बीच विश्वास एवं संवाद को भी मजबूत करेगा।
