Friday, June 12, 2026
No menu items!
Homeबिहारकर्तव्य से लौट रहे थे, मौत रास्ते में इंतजार कर रही थी:...

कर्तव्य से लौट रहे थे, मौत रास्ते में इंतजार कर रही थी: बेगूसराय हादसे में तीन थानाध्यक्ष समेत चार पुलिसकर्मियों की मौत”

बिहार पुलिस पर टूटा दुखों का पहाड़: एक ही हादसे में तीन थानाध्यक्ष समेत चार की मौत, मातम में डूबा पूरा महकमा

बेगूसराय: बिहार पुलिस के लिए शुक्रवार का दिन काले अध्याय की तरह साबित हुआ। बेगूसराय में हुए एक भीषण सड़क हादसे ने पुलिस महकमे से एक साथ चार जांबाजों को छीन लिया। हादसे में तीन थानाध्यक्ष और एक चालक की दर्दनाक मौत हो गई। घटना की खबर मिलते ही पुलिस विभाग में शोक की लहर दौड़ गई, वहीं मृतकों के परिवारों में कोहराम मच गया।

जानकारी के अनुसार सभी पुलिस अधिकारी पटना में आयोजित एक आधिकारिक प्रशिक्षण कार्यक्रम में शामिल होकर लौट रहे थे। इसी दौरान उनकी तेज रफ्तार एसयूवी बेगूसराय में सड़क किनारे खड़े एक ट्रक से जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और उसमें सवार चारों लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।

प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हादसे की आवाज दूर तक सुनाई दी। स्थानीय लोग जब घटनास्थल पर पहुंचे तो गाड़ी का अगला हिस्सा पूरी तरह चकनाचूर हो चुका था। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया, लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।

इस हृदयविदारक हादसे में जिन तीन थानाध्यक्षों की जान गई, वेअपने-अपने क्षेत्रों में कर्तव्यनिष्ठ और लोकप्रिय अधिकारियों के रूप में जाने जाते थे। उनके निधन की खबर फैलते ही पुलिसकर्मियों के बीच शोक की लहर दौड़ गई। कई वरिष्ठ अधिकारियों ने इसे बिहार पुलिस के लिए अपूरणीय क्षति बताया है।

घटना के बाद पुलिस मुख्यालय भी हरकत में आ गया है। हादसे के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में तेज रफ्तार और सड़क किनारे खड़े वाहन को दुर्घटना की वजह माना जा रहा है, हालांकि अधिकारियों का कहना है कि विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।

मुख्यमंत्री समेत कई जनप्रतिनिधियों और वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने हादसे पर गहरा दुख जताया है। मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए सरकार की ओर से हर संभव सहायता का भरोसा दिया गया है।

यह हादसा सिर्फ चार लोगों की मौत नहीं, बल्कि उन परिवारों के सपनों का टूटना है जिनके घर के सदस्य समाज की सुरक्षा में दिन-रात लगे रहते थे। कर्तव्य निभाकर लौट रहे इन पुलिसकर्मियों की अंतिम यात्रा ने पूरे बिहार को गमगीन कर दिया है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

अभी अभी

लोकप्रिय खबर