मधुबनी, 18 मई 2026:
समाहरणालय मधुबनी अंतर्गत स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित विभिन्न जनस्वास्थ्य कार्यक्रमों की प्रभावी मॉनिटरिंग के क्रम में सोमवार को सिविल सर्जन डॉ. हरेंद्र कुमार ने झंझारपुर परियोजना क्षेत्र में ब्रिटानिया सीएसआर (CSR) प्रोजेक्ट के तहत किए जा रहे कार्यों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में प्रोजेक्ट की एरिया कॉर्डिनेटर रोमा दीप ने क्षेत्र में स्वास्थ्य, पोषण एवं जागरूकता से जुड़े चल रहे कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की।
समीक्षा के दौरान सिविल सर्जन ने परियोजना के माध्यम से ग्रामीण एवं जरूरतमंद लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं के साथ कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) के तहत चलाए जा रहे कार्यक्रम समाज के अंतिम व्यक्ति तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि स्वास्थ्य शिविरों एवं जागरूकता कार्यक्रमों का संचालन नियमित एवं व्यवस्थित ढंग से किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोगों को इसका लाभ मिल सके।
बैठक में ब्रिटानिया CSR प्रोजेक्ट की ओर से झंझारपुर क्षेत्र में विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने का अनुरोध किया गया, जिस पर सिविल सर्जन ने प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी (MOIC) झंझारपुर को आवश्यक सहयोग एवं समन्वय सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य शिविरों के माध्यम से आम लोगों की प्राथमिक जांच, परामर्श एवं जरूरी स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है।
सिविल सर्जन ने बैठक में मौजूद अधिकारियों को निर्देशित किया कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, कुपोषण नियंत्रण, नियमित टीकाकरण, किशोर स्वास्थ्य एवं जनजागरूकता कार्यक्रमों को और अधिक प्रभावी बनाया जाए। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए सामुदायिक भागीदारी बेहद जरूरी है।
बैठक में डीपीएम डीएचएस पंकज कुमार मिश्रा, एसीएमओ डॉ. शंभू नारायण झा, डीआईईसी मैनेजर सह समन्वयक आरबीएसके डॉ. दीपक कुमार गुप्ता, सक्षम आंगनवाड़ी एवं मिशन पोषण 2.0 मधुबनी के जिला समन्वयक स्मित प्रतीक सिन्हा सहित स्वास्थ्य विभाग एवं परियोजना से जुड़े अन्य अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।
