मधुबनी जिले में एलपीजी गैस की आपूर्ति व्यवस्था को पारदर्शी और सुचारु बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। हाल के दिनों में कुछ गैस एजेंसियों की कार्यप्रणाली को लेकर मिली शिकायतों के बाद प्रशासन ने सभी एजेंसियों की निगरानी और जांच तेज कर दी है।
जिलाधिकारी आनंद शर्मा के निर्देश पर जिले में संचालित सभी एलपीजी गैस एजेंसियों के निरीक्षण के लिए संबंधित पदाधिकारियों की टीमों का गठन किया गया है। ये टीमें गैस एजेंसियों के स्टॉक, वितरण व्यवस्था, बुकिंग प्रक्रिया, उपभोक्ताओं को समय पर गैस आपूर्ति तथा निर्धारित मानकों के पालन की गहन जांच करेंगी।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट कहा है कि जांच के दौरान यदि किसी एजेंसी द्वारा जमाखोरी, कालाबाजारी, उपभोक्ताओं के साथ भेदभावपूर्ण व्यवहार, अनियमित वितरण या नियमों का उल्लंघन पाया गया, तो संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जरूरत पड़ने पर लाइसेंस निलंबन या रद्द करने की कार्रवाई भी की जा सकती है।
सभी गैस एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया गया है कि वे पूरी पारदर्शिता के साथ उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराएं और सरकार द्वारा तय नियमों का सख्ती से पालन करें। किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जिलाधिकारी ने आम उपभोक्ताओं से अपील की है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें, जिले में एलपीजी गैस की उपलब्धता पर्याप्त है और घबराकर सिलेंडर जमा करने की आवश्यकता नहीं है।
यदि किसी उपभोक्ता को गैस आपूर्ति से जुड़ी कोई समस्या या अनियमितता दिखाई देती है तो वह जिला प्रशासन को इसकी सूचना दे सकता है। शिकायत दर्ज करने के लिए यह लिंक उपलब्ध कराया गया है —
https://docs.google.com/forms/d/e/1FAIpQLSdFS09bnZE8LfNU4Qw_88jHtp_TkN2FBR5DtCaAQLeKRgdaKw/viewform?pli=1�
